देहरादून/पिथौरागढ़ : उत्तराखंड के सीमांत जनपद पिथौरागढ़ में लगातार हो रही भारी बारिश से जनजीवन प्रभावित हो गया है। कई स्थानों पर भूस्खलन और मलबा आने से सड़क संपर्क बाधित हो गया…जबकि तेज बहाव में एक पैदल पुल भी बह गया।
सबसे अधिक असर टनकपुर-तवाघाट राष्ट्रीय राजमार्ग पर देखने को मिला…जहां तवाघाट के पास पहाड़ी से मलबा और बड़े-बड़े पत्थर गिरने के कारण यातायात प्रभावित हुआ। चीन सीमा और धारचूला को जोड़ने वाले मार्ग पर भी कई बार आवाजाही बाधित रही। प्रशासन ने मार्ग को खोलने का प्रयास किया…लेकिन लगातार बारिश के कारण स्थिति चुनौतीपूर्ण बनी हुई है।
आदि कैलाश और कैलास मानसरोवर यात्रा मार्ग पर भी कई जगह भूस्खलन हुआ है। तवाघाट-लिपुलेख और तवाघाट-सोबला-तिदांग मार्गों पर मलबा आने से यातायात प्रभावित हुआ। मौसम खराब होने के कारण आदि कैलाश यात्रा पर निकले श्रद्धालुओं और सीमा क्षेत्रों की ओर जाने वाले वाहनों को सुरक्षित स्थानों पर रोका गया।
धारचूला तहसील के घटखोला और सीनियाखोला को जोड़ने वाला पैदल पुल तेज बहाव में बह गया…जिससे स्थानीय लोगों की आवाजाही पूरी तरह ठप हो गई।
जिले में बीती रात 82 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई। लोक निर्माण विभाग के अनुसार फिलहाल 13 सड़कें बंद हैं…जिनमें एक राष्ट्रीय राजमार्ग और 12 ग्रामीण मोटर मार्ग शामिल हैं। कई अन्य पीएमजीएसवाई सड़कें भी मलबा और वॉशआउट के कारण प्रभावित हैं।
प्रशासन…लोक निर्माण विभाग और अन्य एजेंसियों की टीमें मशीनों के साथ सड़कें खोलने में जुटी हैं। मौसम विभाग ने अगले कुछ घंटों तक भारी बारिश की संभावना जताई है। प्रशासन ने लोगों से अनावश्यक यात्रा से बचने और मौसम की जानकारी लेकर ही घर से निकलने की अपील की है।
