पिथौरागढ़ : उत्तराखंड के पिथौरागढ़ जिले में स्थित बिर्थी फॉल इन दिनों पर्यटकों के आकर्षण का प्रमुख केंद्र बना हुआ है। करीब 125 मीटर ऊंचाई से गिरने वाला यह खूबसूरत झरना मुनस्यारी मार्ग पर स्थित है और हर साल बड़ी संख्या में देश-विदेश से पर्यटक यहां पहुंचते हैं।
मानसून के दौरान बिर्थी फॉल का नजारा और भी मनमोहक हो जाता है…तेज बहाव के साथ गिरता झरना और चारों ओर हरियाली पर्यटकों को अपनी ओर आकर्षित करती है…हालांकि प्रशासन ने बरसात के मौसम में फिसलन और भूस्खलन की आशंका को देखते हुए पर्यटकों से सावधानी बरतने और निर्धारित सुरक्षा क्षेत्र के भीतर रहने की अपील की है।
बिर्थी ग्राम पंचायत पर्यटकों से प्रवेश शुल्क लेती है। इस आय का उपयोग गांव के विकास कार्यों में किया जाता है…पंचायत के अनुसार…पिछले कुछ वर्षों में पर्यटन से लाखों रुपये की आय हुई है।
बिर्थी फॉल की एक और खास पहचान यहां बना कुमाऊं का पहला ग्लास ब्रिज है। करीब 10 मीटर लंबे इस ब्रिज से पर्यटक झरने का शानदार नजारा देखते हैं और तस्वीरें खिंचवाते हैं। इसके बनने के बाद यहां आने वाले पर्यटकों की संख्या में भी बढ़ोतरी हुई है।
स्थानीय स्वयं सहायता समूह भी पर्यटन से जुड़कर रोजगार पा रहे हैं। यहां पर्यटकों को पारंपरिक कुमाऊंनी वेशभूषा पहनाकर फोटोशूट की सुविधा दी जाती है…जिसे काफी पसंद किया जा रहा है। इसके अलावा स्थानीय भोजनालय, चाय की दुकानें, होमस्टे और अन्य छोटे कारोबार भी पर्यटन से लाभ उठा रहे हैं।
बिर्थी फॉल आज केवल एक प्राकृतिक पर्यटन स्थल ही नहीं…बल्कि स्थानीय लोगों के लिए रोजगार और गांव की अर्थव्यवस्था को मजबूत करने का भी महत्वपूर्ण माध्यम बन चुका है।
